Sadhu Path ki Aradhana Se kaun Se Achar ki Sudhi Hoti Hai
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साधु पथ की आराधना से चारित्राचार (चारित्र आचार) की शुद्धि होती है।
जैन धर्म में पाँच आचार माने गए हैं:
- ज्ञानाचार
- दर्शनाचार
- चारित्राचार
- तपाचार
- वीर्याचार
इनमें से 'साधु पथ' अर्थात् मुनि या साधु के मार्ग की आराधना, मुख्य रूप से चारित्राचार (आचरण की शुद्धि) के लिए की जाती है। साधु पथ का अनुसरण करने से संयम, नियम, और चारित्र में शुद्धता आती है, जिससे आत्मा की उन्नति होती है।