Mahavir swami kya raja ni shala ma nirvan pamya
संक्षेप में जवाब: नहीं. महावीर स्वामी राजा की शाला (राजमहल) में नहीं, बल्कि Pavapuri (वर्तमान बिहार के पास का Pavapuri, Nalanda जिला) में राष्ट्रीय तट पर स्थित जल मंदिर के पास Nirvan पाये। Pavapuri वही स्थान है जिसे जैन परम्परा Nirvana-स्थल के रूप में मानती है।
थोड़ी स्पष्टता:
- Nirvana की जगह: Pavapuri (Jal Mandir के पास) वही स्थान माना जाता है जहाँ महावीर स्वामी ने मोक्ष पाया।
- उम्र और समय: परम्परा के अनुसार उन्होंने 72 वर्ष की आयु में Nirvana पाया; दिवाली के समय कार्तिक कृष्ण अमावस्या की रात को यह घटना मानी जाती है (कथन में slight अंतर श्वेतांबरी/ Digambar परंपराओं के अनुसार तिथियों में भिन्नता हो सकती है; पर Pavapuri ही Nirvana का स्थान मान्य है)।
- दो प्रमुख संप्रदायों में भेद: Nirvana की तिथि (527 BCE बनाम कुछ Digambar कथाओं में कुछ वर्ष अलग) और कुछ आख्यानों में शरीर के अवशेष कैसे रहते हैं, जैसी सूक्ष्म जानकारी में भेद मिलता है, पर Nirvana का स्थान Pavapuri ही माना जाता है।
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