Kya jain log machar maar sakte hai
Short answer: नहीं। जैन धर्म में अहिंसा सबसे ऊपर है, यानी किसी भी जीव को जानबूझकर harm करना वर्जित है—चाहे वह मच्छर ही क्यों न हो।
कुछ बिंदु स्पष्ट करें:
- मच्छर काटने से बचने के लिए जैविक/नॉन-हिंसात्मक उपाय उपयोग करते हैं, जैसे जाल/रिपेलेंट/ख़बरदारी और मच्छर मारना नहीं।
- अगर वास्तव में किसी गंभीर कारण से जीवन या स्वास्थ्य खतरे में हो, तब भी जैनसिद्धांत प्रमुख है: बिना हिंसा के समाधान ढूंढ़ना कोशिश की जाती है, न कि हत्या करना۔
- यह विचार डिगंबर और श्वेतांबर दोनों पर समान रूप से लागू होता है; दोनों क्षेत्रों में अहिंसा का मूल सिद्धांत एक जैसा ही माना जाता है।
अगर चाहें, मैं इस विषय के बारे में सन्तों के उद्धरण या प्रामाणिक पाठों के सरल मीम्स/अर्थ भी दे सकता हूँ।