sivling se prabh ki pratima pragat hui vo tirth
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आपके प्रश्न के अनुसार, "शिवलिंग से प्रभु की प्रतिमा प्रकट हुई वह तीर्थ"—जैन धर्म के अनुसार यह घटना "श्री गिरनार तीर्थ" (गुजरात) से संबंधित मानी जाती है। जैन परंपराओं के अनुसार, गिरनार पर्वत पर नेमिनाथ भगवान (22वें तीर्थंकर) की प्रतिमा शिवलिंग (या लिंगाकार शिला) से प्रकट हुई थी। कथा के अनुसार, वहाँ एक शिवलिंग के रूप में पत्थर था, और जब जैन साधु-मुनियों ने साधना की, तब वह प्रतिमा भगवान नेमिनाथ की मूर्ति के रूप में प्रकट हुई। इस चमत्कार के कारण गिरनार तीर्थ को जैन धर्म में अत्यंत पवित्र माना जाता है।
संक्षिप्त उत्तर: गिरनार तीर्थ (गुजरात) — जहाँ शिवलिंग से प्रभु की प्रतिमा प्रकट हुई, वह तीर्थ है।