Hastgiri pr bhart chakravarti kitne hathiyo ne anshan kia
हस्तिगिरि पर्वत (हस्तिनापुर) पर भरत चक्रवर्ती के समय 98 हजार हाथियों ने अणशन (उपवास) किया था। जैन परंपरा के अनुसार, जब भरत चक्रवर्ती ने चक्ररत्न का स्थिर भाव देखा और राज्य त्यागकर दीक्षा ली, तब उनके साथ उनके 98 हजार हाथी, 16 हजार घोड़े, 32 हजार रथ, और 64 हजार पैदल सैनिकों ने भी उपवास किया था। यह विवरण जैन ग्रंथों में आता है, जो भरत चक्रवर्ती के वैराग्य और त्याग का महत्व दर्शाता है।