बिना दंडक के जीव कितने अ से बताओ
जैनागम के अनुसार, "बिना दंडक के जीव" का उल्लेख प्रायः वर्गणा या जीवों के वर्गीकरण में आता है। "दंडक" का अर्थ है पूंछ। "बिना दंडक के जीव" ऐसे जीव होते हैं जिनके शरीर में पूंछ नहीं होती।
प्रश्न में "अ" से शुरू होने वाले बिना दंडक के जीव पूछे गए हैं। जैन शास्त्रों में जीवों के नाम संस्कृत या प्राकृत में मिलते हैं। उदाहरण के लिए:
"अ" से शुरू होने वाले बिना दंडक के जीव:
- अज (बकरी)
- अश्व (घोड़ा)
- अजा (एक प्रकार की बकरी)
- अरण्य (वन्य जीव, सामान्य अर्थ में)
इनमें "अज" (बकरी) और "अश्व" (घोड़ा) प्रमुख हैं, जो बिना पूंछ वाले नहीं हैं, किन्तु कई बार शास्त्रार्थ में "दंडक" की व्याख्या अलग हो सकती है।
नोट: जैनागम के अनुसार, "बिना दंडक के जीव" का विशिष्ट वर्गीकरण मुख्यतः पंचेन्द्रिय जीवों (पाँच इन्द्रिय) में आता है। उनमें जिनके शरीर में पूंछ नहीं होती, वे बिना दंडक के माने जाते हैं। "अ" से ऐसे जीवों में "अश्व" (घोड़ा) और "अज" (बकरी) को शामिल किया जा सकता है।
यदि आपको और विस्तार या किसी विशेष ग्रंथ के अनुसार उत्तर चाहिए, तो कृपया स्पष्ट करें।