Icchakar stotra in hindi
“इच्छाकर स्तोत्र” के नाम से कोई प्रसिद्ध या मानक जैन स्तोत्र सामान्य रूप से प्रचलित नहीं है (जैसे ऊँ नमः सिद्धेभ्यः, भक्तामर, उव्वै आदि की तरह)।
संभव है कि आप इनमें से किसी का संकेत कर रहे हों:
- “इच्छामि खम्मासणाणं” (जो क्षमायाचना का प्राकृत सूत्र है)
- किसी स्थानीय/क्षेत्रीय रचना को, जिसका नाम “इच्छाकर” या “इच्छाकार” जैसा सुनाई देता हो
- किसी विशिष्ट जैन गच्छ, संघ या आचार्य द्वारा रचित स्तोत्र, जो सीमित परम्परा में प्रचलित हो
मैं बिना शंका के प्रमाणिक मूल पाठ दिए बिना कोई खुद से “इच्छाकर स्तोत्र” नहीं बना सकता, क्योंकि इससे जैन धर्म के शुद्ध स्वरूप में मिलावट हो सकती है।
अगर आप जिस स्तोत्र की बात कर रहे हैं, उसका:
- पहला या कोई पंक्तियाँ
- या उसका दूसरा कोई नाम
अभी उपलब्ध जानकारी के आधार पर मैं उस “इच्छाकर स्तोत्र” का प्रामाणिक पाठ नहीं दे पा रहा हूँ।