Shwetamber Derawasi Sangh
“Shwetambar Derawasi Sangh” को आसान भाषा में समझें:
- Shwetambar
- जैन धर्म की दो मुख्य शाखाएँ हैं: दिगम्बर और श्वेताम्बर। - श्वेताम्बर का अर्थ है – “सफ़ेद वस्त्र पहनने वाले”। - श्वेताम्बर साधु‑साध्वी सफ़ेद कपड़े पहनते हैं।
- Derawasi (देहरासी / देरवासी)
- श्वेताम्बर के भीतर भी कई उपसम्प्रदाय हैं: - मूरतिपूजक (जिसे आम भाषा में Derawasi कहा जाता) - स्थानकवासी - तेरापंथी - Derawasi / मूरतिपूजक वे श्वेताम्बर जैन हैं जो मंदिर (Derasar) में जाकर प्रतिमा (मूर्ति) की पूजा, आरती, आसन, अभिषेक आदि करते हैं।
- Sangh (संघ)
- संघ का अर्थ है – जैन समाज / समुदाय। - एक ही विचार वाले जैनों का संगठित समूह, जो मिलकर मंदिर, पाठशाला, पर्व‑उत्सव, प्रवचन आदि चलाता है।
- इसलिए “Shwetambar Derawasi Sangh” का सार अर्थ
- ऐसा जैन समाज, - जो श्वेताम्बर परम्परा को मानता है, - जिसमें साधु‑साध्वी सफ़ेद वस्त्र धारण करते हैं, - और जो मंदिर‑प्रतिमा पूजा (Derasar‑Murtipujak परम्परा) का पालन करता है, - तथा सामूहिक रूप से धर्म‑कार्य, पूजा, पर्व, दान, पाठशाला आदि चलाता है।
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