Yes please dev suri ke bare me baye
अगर आप आचार्य देवसूरि (Devasuri) के बारे में पूछ रहे हैं, तो वे जैन परंपरा के एक बहुत ही प्रसिद्ध आचार्य थे। जैन इतिहास में उन्हें गहन शास्त्रज्ञान, तर्कशक्ति, और धर्म-प्रभावना के लिए याद किया जाता है। वे आचार्य हेमचंद्र के गुरु माने जाते हैं; हेमचंद्र के जीवन-प्रसंग में देवसूरि का उल्लेख मिलता है, जहाँ उन्होंने बालक चांगदेव को देखकर उसके महान भविष्य की भविष्यवाणी की थी और बाद में उसका दीक्षा-संस्कार कराया था। ( jainknowledge.com)
जैन दृष्टि से ऐसे आचार्य संयम, ज्ञान, और संघ-मार्गदर्शन के आदर्श होते हैं। आचार्य पद जैन संघ का मार्गदर्शन करने वाला पद माना जाता है। ( jainknowledge.com)
यदि आप चाहें, तो मैं आचार्य देवसूरि का संक्षिप्त जीवन-परिचय या हेमचंद्राचार्य के साथ उनका संबंध भी सरल भाषा में बता सकता हूँ।