Gyan ka ek upkaran
जैन दर्शन के अनुसार ज्ञान (ज्ञान) प्राप्ति के दो मुख्य उपकरण (उपकरण/साधन) होते हैं:
- इंद्रिय (इंद्रियाँ)
- मन (मन/अंतःकरण)
इनमें से किसी एक उपकरण का उदाहरण दें तो: इंद्रिय — पाँच इंद्रियाँ (श्रवण, दर्शन, घ्राण, रसना, स्पर्श) ज्ञान प्राप्ति का एक प्रमुख उपकरण है। उदाहरण के लिए, आँख (दृष्टि) के द्वारा दृश्य ज्ञान प्राप्त किया जाता है।
इस प्रकार, “ज्ञान का एक उपकरण” — इंद्रिय (उदाहरण: आँख) है।