वार्षिक पाखी kitani
उत्तर
अगर आपका मतलब वार्षिक पाखी से है, तो यह साल में 1 बार होती है। जैन परंपरा में पाखी प्रतिक्रमण हर 15 दिन में 1 बार और साम्वत्सरी प्रतिक्रमण वर्ष में 1 बार किया जाता है। ( jainworld.jainworld.com)स्पष्टीकरण
- पाखी = 15 दिन वाला क्रम
- चातुर्मासी = 4 महीने वाला क्रम
- साम्वत्सरी = साल में एक बार होने वाला वार्षिक प्रतिक्रमण ( jainworld.jainworld.com)