जैसे एक क्षेत्र -एक चक्रवर्ती =भरत वैसे ही
Answer
भरतक्षेत्र में एक समय में एक ही चक्रवर्ती होता है। इसी तरह ऐरावतक्षेत्र में भी एक ही चक्रवर्ती हो सकता है।Explanation
जैन भूगोल के अनुसार:- भरतक्षेत्र में चक्रवर्ती उत्पन्न हो सकते हैं।
- ऐरावतक्षेत्र में भी चक्रवर्ती हो सकते हैं।
- एक ही क्षेत्र में एक समय पर एक ही चक्रवर्ती होता है।
यदि आप “एक क्षेत्र – एक चक्रवर्ती” का संबंध पूछ रहे हैं, तो उसका सरल अर्थ यही है कि किसी एक क्षेत्र में एक ही समय पर केवल एक चक्रवर्ती का अधिकार माना जाता है।
Spiritual Understanding
चक्रवर्ती का अर्थ केवल राजसत्ता नहीं, बल्कि अत्यंत बड़ा सांसारिक वैभव भी है। जैन दृष्टि से यह दिखाता है कि:- संसार का सर्वोच्च ऐश्वर्य भी स्थायी नहीं है।
- सच्चा लक्ष्य मोह से मुक्ति और आत्म-कल्याण है।