Ambil Oli me 5ambil kid vast u ke hai
अंबिल ओली (Ambil Oli) जैन धर्म में वर्ष में दो बार आने वाला एक विशेष पर्व है, जिसमें श्रद्धालु आठ दिन तक संयम, उपवास और विशेष नियमों का पालन करते हैं। "पांच अंबिल" (5 Ambil) का अर्थ है, प्रत्येक दिन केवल एक बार सादा और हल्का भोजन लेना, जिसे "अंबिल" कहा जाता है।
अंबिल एक प्रकार का पतला, बिना मसाले और बिना तले-भुने पदार्थों का दलिया या खिचड़ी जैसा भोजन होता है, जिसमें कोई तला-भुना, मसालेदार, दूध या दही नहीं डाला जाता। इसे विशेष रूप से सात्विक और सरल रखा जाता है।
अंबिल ओली में मुख्य नियम (व्रत) ये हैं:
- प्रतिदिन एक समय केवल "अंबिल" (खिचड़ी, दलिया या पतली कढ़ी) भोजन करना।
- कोई तला हुआ, मसालेदार, दूध या दही से बनी वस्तु नहीं लेना।
- रात्रिभोजन वर्जित (सूर्यास्त के बाद भोजन नहीं)।
- संयम, साधना, स्वाध्याय और प्रतिक्रमण करना।
- व्यर्थ की बातें, हिंसा, झूठ आदि से बचना।
संक्षेप में: अंबिल ओली में पांच अंबिल का व्रत करने का अर्थ है कि पांच दिन तक प्रतिदिन एक समय केवल साधारण, सात्विक "अंबिल" भोजन लेना और बाक़ी नियमों का पालन करना।
अगर आपको अंबिल की रेसिपी या विस्तृत नियम चाहिए तो कृपया बताएं।