Avyavahar rahi ka jiv sukshma nigod me hi rahta hai ya sukshama aur badar dono nigod me rahta hai
Answer
अव्यवहार राशि के जीव सामान्यतः सूक्ष्म निगोद में ही माने जाते हैं। बादर निगोद एक अलग अवस्था है, इसलिए अव्यवहार राशि को दोनों में एक साथ नहीं माना जाता।Explanation
जैन परंपरा में निगोद के जीवों की चर्चा करते समय दो प्रमुख अवस्थाएँ बताई जाती हैं:- सूक्ष्म निगोद — अत्यंत सूक्ष्म, अप्रकट और अति-दुर्लभ अवस्था
- बादर निगोद — अपेक्षाकृत स्थूल अवस्था
अव्यवहार राशि का अर्थ ऐसे जीवों की राशि से लिया जाता है जो अभी व्यवहार या विकास की दृष्टि से बहुत ही आरंभिक और सूक्ष्म अवस्था में हैं। इसलिए इसे प्रायः सूक्ष्म निगोद से जोड़ा जाता है।