अगर आप “Navkar Mantrani Anupurvi ane Ananupurvi” ग्रंथ की बात कर रहे हैं, तो उसके लेखक रामलाल C. शाह (Ramanlal C. Shah) हैं। ( jainqq.org)
Explanation
इस ग्रंथ में नवकार मंत्र की आनुपूर्वी और अनानुपूर्वी की चर्चा की गई है। Jain Quantum के रिकॉर्ड में इस पुस्तक के लिए Author(s): Ramanlal C Shah दिया गया है, और Original Sutra Author: N/A लिखा है। ( jainqq.org)
Takeaway
संक्षेप में: “अनानुपूर्वी” नामक इस ग्रंथ/लेख के लेखक रामलाल C. शाह हैं। ( jainqq.org)