उत्तम क्षमा वाणी याचना
उत्तम क्षमा वाणी याचना
यदि आप किसी से क्षमा मांगने के लिए सरल और भावपूर्ण वाणी चाहते हैं, तो आप ऐसा कह सकते हैं:
मिच्छामि दुक्कडम्।
मेरे मन, वचन और काया से जाने-अनजाने में यदि आपको कोई दुःख पहुँचा हो, कोई कटु वचन कहा गया हो, कोई गलत व्यवहार हुआ हो, तो मैं हृदय से क्षमा याचना करता/करती हूँ।
कृपया मुझे क्षमा करें।
थोड़ी विस्तृत क्षमा याचना
उत्तम क्षमा धर्म हमें सिखाता है कि क्रोध, अहंकार और वैर-भाव को छोड़कर सभी जीवों के प्रति क्षमा, करुणा और मैत्री भाव रखना चाहिए।
मैं अपने मन, वचन और काया से हुई सभी भूलों के लिए क्षमा मांगता/मांगती हूँ। यदि मैंने किसी को जाने-अनजाने में दुःख पहुँचाया हो, अपमान किया हो, कठोर वचन कहे हों, या किसी के प्रति बुरा भाव रखा हो, तो मैं सच्चे हृदय से क्षमा चाहता/चाहती हूँ।
मिच्छामि दुक्कडम्।
सरल संदेश
उत्तम क्षमा के पावन अवसर पर मैं आपसे हृदयपूर्वक क्षमा याचना करता/करती हूँ। मेरे द्वारा मन, वचन और काया से हुई किसी भी भूल के लिए कृपया मुझे क्षमा करें।
मिच्छामि दुक्कडम्।